
बलरामपुर से हैरान करने वाली खबर निकलकर आ रही है, जहां आदिवासी विभाग सभी नियमों को ताक पर रखकर दूसरे ब्लॉक के शिक्षक को अधीक्षक बनाकर प्री मैट्रिक बालक छात्रावास पंडरी का अधीक्षक बना दिया गया।
आपको बता दें कि बलरामपुर जिले के ब्लॉक वाड्रफनगर के पंडरी ग्राम पंचायत प्री मैट्रिक बालक छात्रावास मौजूद है,जहां पर दूसरे ब्लॉक रामचंद्रपुर के शिक्षक भुनेश्वर सिंह को आदिवासी विभाग,शिक्षा विभाग ने सभी नियमों का उल्लंघन करते हुए शिक्षक को अधीक्षक बनाकर नियुक्ति दूसरे ब्लॉक वाड्रफनगर में किया गया है जो समझ की परे है,क्योंकि पहले जो अधीक्षक थे उनका प्रमोशन होने के बाद उन्हें राजपुर विकासखंड भेजा गया है।

हैरान करने वाली बात –
पूर्व में बलरामपुर के द्वारा आदेश किया गया था कि जिस ब्लॉक के अधीक्षक थे उनका स्थानांतरण उसी ब्लॉक में होगा और बलरामपुर कलेक्टर के द्वारा राजपुर ब्लॉक में ये कार्यवाही पूर्व में किया गया है,आदिवासी विभाग ने इस मामले की भनक बलरामपुर कलेक्टर को लगने भी नहीं दिया
बलरामपुर जिले का पंडरी गांव सबसे बड़ा दूसरा आबादी वाला गांव है, पहले से ही वहां 17 स्कूल प्राथमिक शाला और, माध्यमिक शाला के है जहां 50 से ऊपर शिक्षक पढ़ाई करा रहे ,लेकिन आदिवासी विभाग को कोई योग्य नहीं मिला लेकिन आदिवासी विभाग ने खुद का नियम बनाकर मनमानी तरीके से दूसरे ब्लॉक के शिक्षक को दूसरे विकासखंड में भेजा गया है जिसमें आदिवासी विभाग की लापरवाही साफ नजर आती हैं
देखते है,की खबर लगने के बाद जिला प्रशासन इस मामले कब तक कार्यवाही करता है,या यह मामला कागजों में सिमट कर रह जाता है











